बजट में इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ाने के फैसले पर नीति आयोग और आर्थिक सलाह काउंसिल के सदस्यों ने जताया ऐतराज

Publisher NEWSWING DatePublished Tue, 02/13/2018 - 11:24

New Delhi: इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ाने के बजट में उठाये गये कदमों पर नीति आयोग और आर्थिक सलाह काउंसिल के सदस्यों  ने ऐतराज जताया है. नीति आयोग के उपाध्यक्ष राजीव कुमार  और प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाह काउंसिल के सदस्यों के बीच विवेकानंद इंटरनेशनल फाउंडेशन में आयोजित कार्यक्रम में बजट पर चर्चा हुई, जिसमें देश में मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देने के लिए उठाये गये इस कदम को संरक्षणवादी कदम करार दिया गया.

जैसा हमने सोचा था, मेक इन इंडिया उस तरह सफल नहीं रहा

नीति आयोग के उपाध्यक्ष राजीव कुमार ने बजट पर आयोजित चर्चा में कहा, उम्मीद करता हूं कि यह अस्थाई बात होगी. जैसा हमने सोचा था, मेक इन इंडिया उस तरह सफल नहीं रहा है. इसलिए बजट में इंपोर्ट टैरिफ बढ़ाने का कदम उठाया गया है. इससे मैन्युफैक्चरिंग के संबंध में उसी तरह का टारगेटेड अप्रोच अपनाया जा सकेगा, जैसा हमने मारुति (सुजुकी) के मामले में किया था. राजीव कुमार ने अडवाइजरी काउंसिल के सदस्यों से कहा कि वे बजट पर इन चिंताओं की जानकारी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को दें. 

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लॉन्ग टर्म कैपिटल गेंस टैक्स लगाये जाने से 5 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा नहीं मिलेंगे

इकनॉमिक टाइम्स की खबर के अनुसार सुरजीत भल्ला सहित कई सदस्यों ने बजट में शेयरों पर लॉन्ग टर्म कैपिटल गेंस (LTCG) टैक्स लगाये जाने पर भी चिंता जतायी. सुरजीत भल्ला ने कहा, 'लॉन्ग टर्म कैपिटल गेंस टैक्स को दोबारा शुरू करना सरकार का सबसे बेतुका नीतिगत कदम है, जिसका कोई आधार नहीं है.' कहा कि बजट में इससे भले ही 20 हजार करोड़ रुपये मिलने का अनुमान लगाया गया हो, लेकिन सरकार को 5 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा नहीं मिलेंगे.

समानता लाने के लिए लागू किया गया लॉन्ग टर्म कैपिटल गेंस टैक्स

सरकार को लगा कि इन सेक्टर्स में डोमेस्टिक वैल्यू अडिशन की काफी संभावना है. इसलिए वित्त मंत्री अरुण जेटली ने इंपोर्टेड जूस, वेजिटेबल ऑइल्स, फर्नीचर, स्मार्टवॉच, ऑटो कंपोनेंट्स और फोन सहित कई आइटम्स पर बजट में कस्टम्स ड्यूटी बढ़ा दी थी. लॉन्ग टर्म कैपिटल गेंस टैक्स हर तरह की एसेट्स के लिए टैक्स के मामले में समानता लाने के लिए लागू किया गया.

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पीएम ने ग्लोबल ट्रेड की वकालत की थी

कुमार ने कहा, 'मुझे लग रहा है कि 1970 के दशक के दिनों जैसी स्थिति बन रही है, जब इंपोर्ट टैरिफ्स हुआ करते थे. मैं आश्वस्त होना चाहता हूं कि यह एक नयी बात की शुरुआत नहीं है.' दावोस में वर्ल्ड इकॉनमिक फोरम (WEF) में पीएम ने ग्लोबल ट्रेड की वकालत की थी.  इससे पहले नीति आयोग के पूर्व उपाध्यक्ष अरविंद पनगढ़िया ने कहा था कि 'ब्यूरोक्रेट्स की एक नयी पीढ़ी एक बार फिर संरक्षणवाद की दीवार खड़ी करने में जुट गयी है. वहीं, कुमार ने कहा कि उन्हें लाइसेंस परमिट राज की वापसी होती नहीं दिख रही है.


देश अगले 10 वर्षों में फिस्कल क्राइसिस में फंस सकता है
जेटली ने बजट भाषण में कहा था कि इस साल फिस्कल डेफिसिट 3.5 पर्सेंट रहेगा, जबकि टारगेट 3.2 पर्सेंट पर इसे रोकने का था. अडवाइजरी काउंसिल के एक अन्य सदस्य रथिन रॉय ने कहा कि अगर अभी कदम नहीं उठाये गये, तो देश अगले 10 वर्षों में फिस्कल क्राइसिस में फंस सकता है. रॉय ने कहा, 'अपने संकल्प पूरे करने में हमारी नाकामी के कारण हमारी साख पर असर पड़ा है.' राजीव कुमार ने कहा कि देश में एक बड़ा मुद्दा ऊंची ब्याज दरों का है. उन्होंने कहा कि इन्हें कम करने की गुंजाइश है.

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