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नरेंद्र मोदी सरकार ने 11 बार में पेट्रोल पर 12 व डीजल पर 13.77 रुपये बढ़ाई एक्साईज ड्यूटी, घटाई सिर्फ दो रुपये

NEWS WING Desk

Ranchi, 04 October : पेट्रोल व डीजल की कीमतें बढ़ने के कारण हो रही अालोचनाअों से सबक लेते हुए केंद्र सरकार ने तीन अक्टूबर को एक्साईज ड्यूटी में दो रुपये की कटौती की है. डीजल पर जो एक्साईज ड्यूटी प्रति लीटर 17.33 पैसे लग रहे थे, अब 15.33 पैसे लगेंगे अौर पेट्रोल पर जो एक्साईज ड्यूटी 21.48 पैसे लग रहे थे, अब 19.38 पैसे लगेंगे. पेट्रोल पंप के कारोबार से जुड़े लोगों ने अाज बताया कि नरेंद्र मोदी सरकार ने पिछले तीन साल में 11 बार एक्साईज ड्यूटी बढ़ाई है. 11 बार में सरकार ने डीजल पर 13.77 रुपये अौर पेट्रोल पर 12 रुपया एक्साईज ड्यूटी बढ़ा दी. अब घटाई भी तो सिर्फ दो रुपये. एनडीए की सरकार से पहले यूपीए की सरकार के वक्त डीजल पर 3.56 रुपये अौर पेट्रोल पर 9.48 रुपये प्रति लीटर की दर से एक्साईज ड्यूटी लगता था. लेकिन वर्ष 2014 में जब एनडीए की सरकार केंद्र की सत्ता में अायी, तब से इसे बढ़ाते-बढ़ाते 17.33 रुपये अौर 21.48 रुपये तक ले गयी. इसका असर यह हुअा कि अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल कीमत को घटती गयी, लेकिन देश में पेट्रोल-डीजल की कीमत कम होने के बजाय बढ़ती चली गयी.

अब भी पेट्रोल पर 19.48 रुपये व डीजल पर 17.33 रुपया लग रहा एक्साईज ड्यूटी

इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक वर्ष 2014 में जब एनडीएस सरकार सत्ता में अायी, तब पेट्रोल पर प्रति लीटर 9.48 रुपया एक्साईज ड्यूटी लगता था. दो अक्टूबर 2017 को यह बढ़ कर 21.48 रुपये पहुंच गयी. बुधवार को दो रुपये कम करने के बाद अब प्रति लीटर पोट्रोल पर 19.48 रुपया एक्साईज ड्यूटी लग रहा है. इसी तरह  एनडीए सरकार जब सत्ता में अायी थी, तब डीजल पर 3.56 रुपये प्रति लीटर की दर से एक्साईज ड्यूटी लग रहा था. तीन अक्टूबर को यह 17.33 रुपये प्रति लीटर थी. बुधवार को दो रुपया कम करने पर डीजल पर लगने वाला एक्साईज ड्यूटी 15.33 पैसे रह गया है. 

अब अाया अाम लोगों के हितों का ख्याल

पेट्रोल व डीजल की बढ़ती कीमतों से लोग परेशान होते रहें. मंहगाई बढ़ती रही. विपक्ष सवाल उठाता रहा. लेकिन सरकार की निंद नहीं टुटी. जब भाजपा के ही वरिष्ट नेताअों ने देश की अार्थिक स्थिति को लेकर सवाल खड़ा करना शुरु किया, तब सरकार ने लोगों को राहत देने की कोशिश की है. तीन अक्टूबर को वित्त मंत्रालय ने जो बयान जारी किया है, उसमें कहा गया है " सरकार ने पेट्रोल-डीजल पर से एक्साईज ड्यूटी प्रति लीटर दो रुपये कम करने का फैसला लिया है. ताकि पेट्रोल-डीजल की खुदरा कीमत पर अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के बढ़ते दामों के असर से अाम अादमी के हितों की रक्षा की जा सके. "सरकार का यह भी कहना है कि एक्साईज ड्यूटी कम करने से अाम लोगों पर पड़ने वाला भार कुछ कम होगा. 

 

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