पढ़ाई ड्रॉप आउट करने वालों में दलित और मुस्लिम छात्रों की संख्या सबसे ज्यादा : सरकार

Publisher NEWSWING DatePublished Tue, 03/20/2018 - 13:05

New Delhi : देश में स्कूली शिक्षा बीच में ही छोड़ने  (ड्रॉप आउट) वाले बच्चों में अनुसूचित जाति, जनजाति और मुस्लिम समुदायों के छात्रों की संख्या सबसे ज्यादा होती है. लोकसभा में राजू शेट्टी के प्रश्न के लिखित उत्तर में मानव संसाधन विकास राज्य मंत्री उपेंद्र कुशवाहा ने यह जानकारी दी. उन्होंने एकीकृत जिला शिक्षा सूचना प्रणाली के अनुसार मुस्लिम और अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थियों का ड्राप आउट देश के औसत ड्राप आउट से अधिक है.

इसे भी पढ़ें:  मारे गए इराक के मोसुल से लापता 39 भारतीय, सुषमा स्वराज ने संसद में दी जानकारी

इस संदर्भ में मंत्री ने आंकड़ा भी पेश किया

इस आंकड़े के अनुसार प्राथमिक स्तर पर देश के सभी वर्गों के बच्चों का औसत ड्राप आउट दर 4.13 फीसदी है, तो वहीं अनुसूचित जाति का 4.46, अनुसूचित जनजाति का 6.93 फीसदी और मुस्लिम समुदाय का 6.54 फीसदी था. इसी तरह से उच्च प्राथमिक में सभी श्रेणियों का औसत ड्राप आउट दर 4.03 फीसदी है, इसके अलावा अनुसूचित जाति का 5.51 फीसदी, अनुसूचित जनजाति का 8.59 फीसदी और मुस्लिम समुदाय का 9.49 फीसदी है. वहीं माध्यमिक स्तर पर सभी श्रेणियों का औसत ड्राप आउट दर 17.06 फीसदी है तो अनुसूचित जाति का 19.36 फीसदी, अनुसूचित जनजाति का 24.68 फीसदी और मुस्लिम समुदाय का 24.12 फीसदी है.

न्यूज विंग एंड्रॉएड ऐप डाउनलोड करने के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पेज लाइक कर फॉलो भी कर सकते हैं.

Main Top Slide
loading...
Loading...