न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

गोमियाः उपप्रमुख की बीडीओ से कनीय अभियंता की शिकायत, लाभुक और अभियंता कर रहे हैं गड़बड़ी

561

Gomia: गोमिया प्रखंड में सब ठीक नहीं चल रहा है. 14वें वित्त से होने वाले कामों में घोर अनियमितता की शिकायत लगातार हो रही है. इस बार तो गोमिया प्रखंड की उपप्रमुख मीना देवी ने बीडीओ से खुल कर कनीय अभियंता की शिकायत लिखित तौर पर की है. उपप्रमुख ने गंभीर सवाल उठाते हुए कहा है कि जब प्रखंड आस-पास शहरी इलाके में 14वें वित्त आयोग की राशि से होने वाले कामों में कमीशनखोरी और अनियमितता बरती जा रही है, तो सुदूर इलाकों में क्या होता होगा. उपप्रमुख ने बीडीओ से पूरे मामले की जांच के लिए लिखा है. कहा है कि जांच कर यह तय किया जाए कि योजनाओं में अनियमितता बरती जा रही है या नहीं. अगर अनियमितता की बात सच है तो जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई हो.

इसे भी पढ़ें – अडानी पावर प्लांट के लिए बेरहमी से हथिया ली गयी 10 किसानों की 16 बीघा से अधिक जमीन

Jmm 2

क्या है मामला     

बीडीओ को लिखे पत्र में उपप्रमुख मीना देवी ने कहा है कि गोमिया प्रखंड के ससबेड़ा पश्चिमी पंचायत में 14वें वित्त योजना से लक्ष्मण यादव के घर से ज्ञानदेव यादव के घर तक नाली निर्माण किया जा रहा है. जिसके लिए प्रशासन की तरफ से 2,46,600 रुपए राशि तय की गयी है. उपप्रमुख का कहना है कि इस योजना में सरकार के निर्देशों की अवहेलना हो रही है. सरकार के निर्देशों के उल्ट काम हो रहा है. सरकार का निर्देश है कि नाली निर्माण में ईंट सोलिंग के बाद चार इंच की ढलाई हो. लेकिन, इस योजना में ईंट सोलिंग के ऊपर से जोड़ाई कर उसके ऊपर पन्ना का काम कर दिया जा रहा है.

इसे भी पढ़ेंःकल्याण विभाग पर ब्यूरोक्रेट्स का कब्जा, योजना नहीं सिर्फ बिलिंग के लिए फाइल आती है मंत्री के पास (1)

कनीय अभियंता की मिलीभगत से हो रही है गड़बड़ी

उपप्रमुख ने साफ तौर से अपनी शिकायत में कहा है कि इस काम में गड़बड़ी करने में कनीय अभियंता का हाथ है. कनीय अभियंता को गड़बड़ी की जानकारी होने के बावजूद वो मापी पुस्तिका बना कर कार्यालय में जमा कर दिया जा रहा है. उसी मापी पुस्तिका के आधार पर योजना के लिए तय की गयी राशि का भुगतान हो जा रहा है, जो कि सरासर गलत है. वहीं अपनी शिकायत में मीना देवी ने यह भी कहा है कि 14वें वित्त आयोग की राशि से जो भी योजना का काम हो रहा है, उसमें शिलापट्ट लगना अनिवार्य है. लेकिन इस काम में शिलापट्ट लगाने की जरूरत नहीं समझी गयी. जो हो रहे अनियमितता की ओर इशारा करता है.

Bharat Electronics 10 Dec 2019

इसे भी पढ़ेंःप्रिया सिंह की हत्या की वजह प्रधानमंत्री आवास योजना में हुए 1.80 करोड़ का घोटाला तो नहीं

पहले भी की शिकायत, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं

अपनी शिकायत में उपप्रमुख ने कहा है कि इस तरह की शिकायत मैंने पहले भी प्रखंड विकास पदाधिकारी से की. लेकिन मामले को लेकर किसी तरह की कोई कार्रवाई अभी तक नहीं की गयी है. अपनी शिकायत में अपप्रमुख ने कहा है कि अगर प्रखंड कार्यालय के आस-पास के योजनाओं में अगर ऐसा हो रहा है तो, सुदूरवर्ती इलाकों में किस तरह का काम हो रहा होगा इसका अंदाजा लगाया जा सकता है. ऐसे में जरूरत है योजनाओं में अनियमितता बरतने वाले लोगों पर पंचायती अधिनियम के मुताबिक कार्रवाई करने की.

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like