न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

एसबीआई को आशा के अनुरूप  लाभ नहीं, चेयरमैन रजनीश कुमार ईश्वर की शरण में

रजनीश कुमार ने कहा कि हर सुबह, मैं आसमान की तरफ देखता हूं और ईश्वर से प्रार्थना करता हूं कि एनसीएलटी में गये तीनों बड़े खातों का जल्द से जल्द निपटारा हो जाये, 

64

Mumbai : एसबीआई के चेयरमैन रजनीश कुमार ईश्वर की शरण में हैं. इसका कारण है कि  देश के इस सबसे बड़े सरकारी बैंक भारतीय स्टेट बैंकको चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में मुनाफा तो हुआ है, लेकिन जितनी उम्मीद की गयी थी, उससे बहुत कम लाभ हुआ है.  आशा के अनुरूप  लाभ नहीं  होने और बैंक की बिगड़ती वित्तीय हालत को लेकर एसबीआई के चेयरमैन रजनीश कुमार ने ईश्वर की शरण में जाने की बात कही है.

रजनीश कुमार ने कहा कि हर सुबह, मैं आसमान की तरफ देखता हूं और ईश्वर से प्रार्थना करता हूं कि एनसीएलटी में गये तीनों बड़े खातों का जल्द से जल्द निपटारा हो जाये, इससे हमें 16,000 करोड़ रुपये से अधिक राशि मिलेगी.  जान नें कि  एस्सार स्टील, भूषण पावर ऐंड स्टील तथा आलोक इंडस्ट्रीज के मामले एनसीएलटी में हैं, जिनके बैड लोन के लिए एसबीआई को 100% प्रोविजनिंग करनी पड़ी है. बता दें कि राष्ट्रीय कंपनी कानून न्यायाधिकरण  दिवाला एवं दिवालिया संहिता के तहत आये मामलों पर फैसला करता है.

बैंक को 4,106 करोड़ रुपये का मुनाफा होने की उम्मीद थी

एसबीआई को चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में 2,312 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा हुआ है, जबकि पिछले साल की समान अवधि में उसे 4,876 करोड़ रुपये का घाटा हुआ था.  बैंक को 4,106 करोड़ रुपये का मुनाफा होने की उम्मीद थी, लेकिन ट्रेजरी और रिटेल सेगमेंट के अच्छे प्रदर्शन के बावजूद कॉरपोरेट को दिया गया लोन डूबने की वजह से उसका मुनाफा उम्मीद के अनुरूप नहीं रहा, लेकिन जून में समाप्त तिमाही के दौरान शुद्ध एनपीए कम होकर 3.07 प्रतिशत रह गया जो एक साल पहले इसी अवधि के दौरान 5.29 प्रतिशत रहा था.

Trade Friends

इसे भी पढ़े :  राहुल गांधी ने अर्थव्यवस्था पर कहा,  दशकों की मेहनत से हमने बनाया, भाजपा सरकार नष्ट कर रही है

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

kohinoor_add

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like