न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

प्रभार में चल रही जैप की दस में से सात और आइआरबी की पांच बटालियन

2,624

Saurav Singh

Ranchi: झारखंड सरकार ने केंद्र से मिलनेवाली राशि से नयी-नयी बटालियन का गठन तो कर लिया है.

लेकिन उनमें कामकाज सुचारु रूप से हो इसकी व्यवस्था ही नहीं की है. बटालियन में कमांडेंट तक की पोस्टिंग नहीं की जाती है.

हालात यह है कि झारखंड में जैप की दस बटालियन में से सात और आइआरबी की पांच में से पांचों बटालियन प्रभार पर चल रही है. जैप और आइआरबी को मिलाकर कर कुल 15 बटालियन है.

इसे भी पढ़ेंःरामगढ़: जिला समन्वयक को एसीबी ने 75 हजार रुपये घूस लेते रंगे हाथ किया गिरफ्तार

Bharat Electronics 10 Dec 2019

जिनमें से 12 बटालियन प्रभारी के भरोसे है. जैप और आइआरबी की 15 बटालियन में कमांडेंट के पद पर एएसपी रैंक के अफसर को प्रभारी कमांडेंट बनाया गया है.

किसको मिला है JAP, IRB बटालियन का अतिरिक्त प्रभार

स्पेशल ब्रांच में कार्यरत एसपी क्रांति कुमार गड्देसी को अपने काम के अतिरिक्त जैप-1का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है. धनबाद सिटी अजीत पीटर डुंगडुंग को (पदभार ग्रहण नहीं किये हैं) अपने काम के अतिरिक्त जैप -3 का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है.

बोकारो एसपी पी मुरूगन को अपने काम के अतिरिक्त जैप-4 का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है. देवघर एसपी नरेंद्र कुमार सिंह अपने काम के अतिरिक्त जैप-5 का अतिरिक्त प्रभार संभाल रहे हैं.

जमशेदपुर एसपी अनूप बिरथरे को अपने काम के अतिरिक्त जैप-6 का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है. हजारीबाग एसपी मयूर पटेल कन्हैयालाल को जैप-7 का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है.चाईबासा एसपी इंद्रजीत महथा को अपने काम के अतिरिक्त जैप-8 का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है.

Related Posts

आनन-फानन में लक्ष्य पूरा करने के लिये राज्य में आयोजित हुआ था दो दिवसीय बैंबू कॉन्क्लेव

सरकार ने डेढ़ लाख कारीगरों का निंबधन तो कर दिया लेकिन स्मार्ट कार्ड देने में रूका मामला

इसे भी पढ़ेंःटीचर ट्रेनिंग संस्थाओं को 30 दिनों के अंदर लगाना होगा बायोमैट्रिक सिस्टम, नहीं तो रद्द होगी मान्यता

इसके अलावे जामताड़ा एसपी अंशुमन कुमार को अपने कार्य के अतिरिक्त आइआरबी-1 का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है.
जमशेदपुर ग्रामीण एसपी पियूष पांडेय को अपने कार्य के अतिरिक्त आइआरबी-2 का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है.

चतरा एसपी अखिलेश वी वारियर को आइआरबी-3 का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है. लातेहार एसपी प्रशांत आनंद को अपने कार्य के अतिरिक्त आइआरबी-4 का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है. गुमला एसपी अंजनी झा को आइआरबी-5 का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है.

राज्य भर के 115 पिकेटों पर तैनात हैं जवान

जैप और आइआरबी की कुल 15 बटालियन के जवानों को नक्सल प्रभावित इलाकों में बनाये गये. 115 से अधिक पिकेटों पर इन्हें तैनात किया गया है.

झारखंड आइआरबी का गठन नक्सलियों के खिलाफ अभियान चलाने के लिए किया गया है. इसकी पांच बटालियन के गठन के लिए पूरी राशि केंद्र सरकार ने दी है.

ताकि नक्सलियों से जारी लड़ाई में अर्द्धसैनिक बलों पर निर्भरता को कम किया जा सके. बटालियनों में कमांडेंट के नहीं होने से पिकेटों के निरीक्षण का काम बंद हो गया है.

जवानों की सुविधाओं का ध्यान रखनेवाला कोई नहीं

पिकेटों में निरीक्षण के जो आंकड़े बन रहे हैं, वह ज्यादातर कागजों पर बन रहे है. नियमानुसार कमांडेंट को साल में एक बार हर पिकेट का निरीक्षण करना है और वहीं पर रात भी बितानी है.

जिस तरह से एसपी रैंक के अधिकारियों को जैप और आइआरबी के कुल 8 बटालियन का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है. ऐसे में सवाल ये है कि वो मिले अतिरिक्त प्रभार पर कितना ध्यान दे पायेंगे. इससे साफ जाहिर होता है की जवानों सुविधाओं पर ध्यान देनेवाला कोई नहीं है.

इसे भी पढ़ेंःमां अंबे माइनिंग प्राइवेट लिमिटेड पर क्यों मेहरबान है चतरा व हजारीबाग जिला प्रशासन

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like